हमें प्रकृति का विनाशक नहीं संरक्षक बनना होगा- भरत भार्गव
नसीराबाद। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय भारत सरकार के केंद्रीय संचार ब्यूरो अजमेर द्वारा अंतर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन श्री बालाजी आईटीआई , भवानी खेड़ा में किया गया। श्री बालाजी आईटीआई के संस्थापक योगेश सोनी ने कहा कि हमें जैव विविधता संरक्षण हेतु सामूहिक प्रयास करने होंगे इसके लिए हमे प्रकृति के अति दोहन को रोकना होगा, एकल यूज़ प्लास्टिक, रासायनिक खादो का उपयोग सीमित करते हुए जल, ऊर्जा संरक्षण के साथ-साथ वृक्षारोपण पर जोर देना होगा।कार्यक्रम में जानकारी देते केंद्रीय संचार ब्यूरो अजमेर के प्रभारी भरत भार्गव ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय जैव विविधता दिवस हर साल 22 में को मनाया जाता है, इसका उद्देश्य पृथ्वी पर जीवों और पारिस्थितिकी तंत्र की विविधता के बारे में जागरूकता बढ़ाना और उनके संरक्षण को बढ़ावा देना है, भार्गव ने कहा कि जैव विविधता हमें शुद्ध हवा ,पानी, भोजन और जीवन रक्षक औषधीय प्रदान करती है इसलिए हमारी भूमिका बहुत महत्वपूर्ण है हमें प्रकृति का विनाशक नहीं संरक्षक बनना होगा।
कार्यक्रम में युवाओं को प्रेरित करते हुए बताया गया कि जैव विविधता हमें शुद्ध हवा, पानी, भोजन और जीवन रक्षक औषधियाँ प्रदान करती है। हमारा अस्तित्व प्रकृति से है, इसलिए हमारी भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। हमें अब प्रकृति का विनाशक नहीं, बल्कि उसका सच्चा संरक्षक बनना होगा। कार्यक्रम में दी गई जानकारी के आधार पर मौखिक प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता आयोजित की गई विजेता प्रतिभागियों को विभाग की ओर से पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।

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